सीधी (मध्य प्रदेश)
नए साल के मौके पर हर किसी की अपनी-अपनी प्लानिंग होती है। कोई अपने परिवार के साथ कहीं घूमने निकल जाता है, तो कोई दोस्तों संग पार्टी करने। लेकिन वहीं, मध्य प्रदेश के लोगों ने इस बार नए साल के जश्न को मनाने के रूप में एक नए तरीके को चुना है। जिसमें उन्होंने अपने उन यादगार पलों को वन्यजीवो के साथ बिताने का फैसला किया है।
कारणवश, नए साल के मौके पर मध्य प्रदेश के सीधी जिले में स्थित संजय दुबरी टाइगर रिजर्व में पर्यटकों की ऐसी भारी भीड़ उमड़ पड़ी है कि 5 जनवरी तक, सभी सफारी और रिसॉर्ट की बुकिंग फुल हो चुकी है। इस साल ऐसी रिकार्ड तोड़ बुकिंग हुई है, जो पिछले साल से लगभग 50% ज्यादा है।
लोग वन्यजीवो के साथ करना चाहते हैं अपने साल की शुरुआत
हर कोई अपने-अपने परिवार के साथ नए साल की यादों को संजोना चाहता है। और वही, जब परिवार साथ हो और सामने तरह-तरह के वन्यजीवो का दीदार हो, तो उस पल का मजा दुगना हो जाता है। इसी वजह से, पिहले कुछ सालों से नए साल के मौके पर वन्यजीव अभयारण्य लोगो की पहली पसंद बनते चले जा रहे हैं, खासकर संजय टाइगर रिजर्व।
यूं तो, पर्यटकों का यहां जमेडा़ लगना क्रिसमस से ही शुरू है जाता है, पर नया साल आते-आते यह आंकड़ा अपने चरम पर पहुंच जाता है। हर साल इस मौके पर यहां दूर-दूर से पर्यटक आते हैं। वहीं, इस साल की बुकिंग के अनुसार इस बार पिछले साल से 50% अधिक लोगो के आने का अनुमान है।

5 जनवरी तक सभी बुकिंग हुई फुल
संजय टाइगर रिजर्व में इस साल लोगों का इस कदर का उत्साह पहली बार देखा गया है। यूं तो हर साल इस मौके पर पार्क में पर्यटकों का जमावड़ा देखा जाता था, पर इस कदर का उत्साह पहली बार देखने को मिला है।
संजय टाइगर रिजर्व बाघों के लिए है। पिछले कुछ सालों मे यहां बाघों के कुनबे में निरंतर वृद्धि दर्ज की गई है, जिसने प्रदेश को ‘टाइगर स्टेट’ का दर्जा दिलाने मे महत्त्वपूर्ण योगदान दिया है। यही कारण है कि पार्क में जनवरी तक सभी रिसॉर्ट, सफारी, होटल, आदि की बुकिंग 5 जनवरी तक फुल है।
सुरक्षा व्यवस्था के किए गए हैं खास इंतजाम
इस साल रिकार्ड तोड़ भीड़ को देखते हुए पार्क प्रशासन द्वारा सुरक्षा व्यवस्था के खास इंतजाम किए गए हैं। भारी भीड़ को देखते हुए पार्क प्रबंधन और स्थानीय पुलिस प्रशासन को फुल अलर्ट पर रखा गया है। वहीं, पर्यटकों की सुविधा और वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए अतिरिक्त वन रक्षकों की तैनाती भी की गई है।
Author Profile

Latest entries
UncategorizedFebruary 3, 2026अंतरराष्ट्रीय मानव बंधुता दिवस और हमारा पर्यावरण
UncategorizedFebruary 3, 2026International Day of Human Fraternity and our Environment
UncategorizedFebruary 3, 2026विश्व आर्द्रभूमि दिवस 2026 एवं मणिपुर की लोकतक झील
UncategorizedFebruary 2, 2026WORLD WETLANDS DAY 2026 AND THE LOKTAK LAKE OF MANIPUR
